नीट 2022 टॉपर इंटरव्यू: नीट 2022 शीर्ष 10 रैंक धारकों (top 10 rank holders in NEET 2022) में वायु सेना के बालभारती स्कूल के 17 वर्षीय दिल्ली के छात्र वत्स आशीष बत्रा भी शामिल हैं। 99.99 पर्सेंटाइल के स्कोर के साथ, उनको AIR 2 हासिल हुई और नीट 2022 में दिल्ली एनसीटी (NEET Delhi NCT) में शीर्ष पर रहे। जीव विज्ञान के प्रति उनका प्रेम एमबीबीएस करने के उनके निर्णय का एक बड़ा हिस्सा था।
Careers360 के साथ हमारे साक्षात्कार के दौरान, उन्होंने नीट या किसी अन्य परीक्षा की तैयारी में निरंतरता बनाए रखने पर जोर दिया। नीट 2022 रिजल्ट में नीट टॉपर 2022 घोषित वत्स आशीष बत्रा के विचार में स्वाध्याय सबसे महत्वपूर्ण चीज है, और इसे जल्द से जल्द शुरू करना चाहिए। तनाव के कारण होने वाली मानसिक क्षति एक ऐसी चीज है जिससे वह हर कीमत पर बचते हैं। एआईआर 2 लाकर नीट 2022 टॉपर बने वत्स आशीष बत्रा ने जब एमबीबीएस करने का फैसला किया तभी से ही उनका लक्षय एम्स दिल्ली में पढ़ना था।
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नीट 2022 परीक्षा 17,2022 को पूरे भारत में 91,415 एमबीबीएस, 27,948 बीडीएस, 52,720 आयुष, 487 बीएससी नर्सिंग 603 बीवीएससी और एएच सीटों पर प्रवेश के लिए आयोजित की गई थी। NEET-UG 2022 topper वत्स आशीष बत्रा के साक्षात्कार का एक संक्षिप्त अंश नीचे दिया गया है जिसकी मदद से यह जानने में मदद मिलेगी कि नीट टॉपर बनने के लिए किस तरह तैयारी करनी चाहिए और तैयारी की क्या रणनीति होनी चाहिए-
Careers360: कॅरियर के रूप में चिकित्सा के क्षेत्र का चुनाव करने का निर्णय किस वजह से लिया? आपने डॉक्टर बनने का चुनाव कैसे किया?
वत्स आशीष बत्रा: जीव विज्ञान विषय में मेरी रुचि शुरू से रही है। इस विषय के प्रति लगाव ही एमबीबीएस करने के मेरे निर्णय का मुख्य रूप से प्रेरक कहा जा सकता है। जब से मैंने एमबीबीएस करने का निर्णय किया तभी से एम्स, नई दिल्ली से एमबीबीएस करना मेरा लक्ष्य रहा है।
Careers360: कोचिंग संस्थान की तैयारी के अलावा आपने कितना समय सेल्फ स्टडी को दिया?
वत्स आशीष बत्रा: जिस दिन से मैंने तैयारी शुरू की थी, उसी दिन से मैंने स्वाध्याय (self-study) को बहुत महत्व दिया। अपने कोचिंग संस्थान के शेड्यूल के अलावा मैं 11वीं कक्षा में दिन में चार से पांच घंटे पढ़ाई करता था। धीरे-धीरे, मैंने अवधि बढ़ाई और 12वीं कक्षा में 6 से 7 घंटे अध्ययन करने का लक्ष्य बनाया। अंतिम छह महीनों के दौरान नीट परीक्षा की तैयारी अपने चरम पर थी। उस दौरान कम से कम 8 घंटे पढ़ाई करता था और कभी-कभी इससे भी अधिक।
Careers360: शुरुआती दौर में नीट की तैयारी को किस तरह गति दी?
वत्स आशीष बत्रा: जब मैंने 11वीं कक्षा की पढ़ाई शुरू की, तो यह ज्यादा दबाव वाली नहीं थी, और यह काफी कुछ सुकून भरा अनुभव था। कक्षा 12 में अधिक व्यस्तता रही क्योंकि एक ओर बोर्ड परीक्षा की तैयारी करनी थी, साथ ही कक्षा 11 में पढ़ी गई बहुत सी अध्ययन सामग्री को दोहराना भी था।
नीट 2022 टॉपर तनिष्का (AIR 1) का इंटरव्यू पढ़ने के लिए लिंक पर क्लिक करें।
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Careers360: जब आप पढ़ाई नहीं कर रहे होते तो किन गतिविधियों का आनंद ले रहे होते हैं?
वत्स आशीष बत्रा: मैं छह साल से नियमित रूप से बैडमिंटन खेल रहा हूं। संगीत एक ऐसी चीज है जिसे मैं सुनना पसंद करता हूं और मैं कभी-कभी बास्केटबॉल भी खेलता हूं।
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Careers360: दो साल की अवधि काफी लंबा होती है, इस दौरान अपने मानसिक स्वास्थ्य को बनाए रखने के लिए इस नीट 2022 टॉपर ने क्या किया?
वत्स आशीष बत्रा: तनाव को कम करने के लिए ध्यान करना और मानसिक शांति के लिए एकाग्र रहना मेरे लिए फायदेमंद रहा और मैं अपनी मानसिक बैंडविड्थ को कम नहीं होने देना चाहता था।
Careers360: आप आप कहां से हैं और आपके माता-पिता क्या करते हैं?
वत्स आशीष बत्रा: मेरे माता-पिता दोनों सिविल इंजीनियर हैं। वैसे तो हम पिछले दो वर्षों से दिल्ली में रह रहे हैं पर मैं मूल रूप से रांची का रहने वाला हूं।
Careers360: नीट परीक्षा की तैयारी के दौरान किन विषयों में खुद को कमजोर पाया?
वत्स आशीष बत्रा: मेरा सबसे कमजोर विषय शुरू से ही रसायन विज्ञान था और शुरू में मैंने इस ओर ज्यादा ध्यान नहीं दिया। हालांकि, जैसे-जैसे परीक्षा नजदीक आई, मैंने इस पर अधिक ध्यान केंद्रित करना शुरू किया और इसे अपना सबसे महत्वपूर्ण विषय बना दिया।
Careers360: क्या यह आपका पहला प्रयास था? आपने नीट परीक्षा की तैयारी कब शुरू की? आपका दृष्टिकोण क्या था?
वत्स आशीष बत्रा: हाँ, यह मेरा पहला प्रयास ही था। तैयारी में निरंतरता बनाए रखना बहुत जरूरी है। कभी-कभी हो सकता है आप खुद को कमजोर पाएँ, और कभी आप बहुत सकारात्मक महसूस कर सकते हैं, लेकिन अति आत्मविश्वास में कभी न आएं क्योंकि यह एक लंबी यात्रा है। सबसे अच्छी बात यह होगी कि आप जब खुद को कमजोर महसूस करें तब भी उम्मीद बनाए रखें क्योंकि आप बेहतर करने में सक्षम हैं और फिर सब बातों पर तो आपका नियंत्रण नहीं हो सकता। आप बस इतना ही कर सकते हैं कि अपना सर्वश्रेष्ठ प्रयास करें।
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Careers360: नीट देते समय आपकी रणनीति क्या थी?
वत्स आशीष बत्रा: मैंने सबसे पहले जीव विज्ञान खंड के उत्तर दिए, उसके बाद रसायन विज्ञान खंड के और अंत में भौतिकी के खंड पर पहुँचा। मैं आमतौर पर नीट मॉक टेस्ट पूरा करता था। इसे पूरा करने में मुझे आम तौर पर 1.5 घंटे का समय लगता था, इसके बाद इसका अच्छे से पुनरावलोकन करता था।
Careers360: नीट में टॉप करने में अपनी सफलता का श्रेय किसे देते हैं?
वत्स आशीष बत्रा: मेरी सफलता का श्रेय शिक्षकों, मेरे कोचिंग संस्थानों, माता-पिता, बड़े भाई और मेरे जुड़वां भाई को जाता है।
Careers360: जब स्कूल और नीट की तैयारी के बीच संतुलन बनाने की बात आती है, तो क्या यह मुश्किल आती है?
वत्स आशीष बत्रा: 12वीं कक्षा में कोविड के कारण ऑनलाइन कक्षाएं होने से मेरे लिए दोनों में संतुलन बनाना आसान हो गया। इसके अलावा, जब कभी मुझे कुछ पूछना होता तो मेरे शिक्षकों ने अतिरिक्त समय देकर मेरी बहुत मदद की।
Careers360: ऑनलाइन सीखने के साथ आपका अब तक का अनुभव कैसा रहा है?
वत्स आशीष बत्रा: मेरे अनुभव पूछें तो ऑनलाइन शिक्षा मेरे लिए बहुत अच्छी रही है, और मुझे कभी संवादहीनता की स्थिति महसूस नही हुई। पूरे कोर्स के दौरान शिक्षकों के लगातार संपर्क में रहा।
Careers360: तैयारी के दौरान सबसे चुनौतीपूर्ण अनुभव क्या रहा और नीट की तैयारी करने वालों को क्या सुझाव देना चाहेंगे?
वत्स आशीष बत्रा: मेरे मामले में, तैयारी के दौरान सबसे चुनौतीपूर्ण अनुभव रसायन शास्त्र से जुड़ा था, क्योंकि इसमें बहुत अधिक याद करना होता है। इसलिए मैंने जितना संभव हो सका इस पर ध्यान केंद्रित किया। इससे पार पाने का कोई अन्य तरीका नहीं है। जितनी बार संभव हो इसे दोहराएँ और नीट पिछले वर्ष के प्रश्न पत्रों को हल करने का प्रयास करें।
Careers360: नीट की तैयारी के सफर में आपको किस बात ने प्रेरित किया?
वत्स आशीष बत्रा: शुरू से ही मेरा लक्ष्य एम्स दिल्ली था, इसलिए वहां जाने की संभावना ने मुझे प्रेरित करने का काम किया। मेरे माता-पिता और मेरे भाई ने सॉल्यूशन खोजने और तैयारी को पटरी पर लाने में मेरी बहुत मदद की।
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On Question asked by student community
Hello,
Yes, with 74.6% in CBSE Class 12 , you are eligible to apply for B.Sc Nursing at Rachna Institute of Nursing.
As for NEET , admission without NEET may be possible, but it depends on the college's admission rules for 2026. It's best to confirm this directly with the
Hello Dear Student,
Yes, you can become a physiotherapist in India without appearing for NEET. Admission to the Bachelor of Physiotherapy (BPT) programme in many colleges is based on Class 12 marks in Physics, Chemistry, and Biology (PCB) or through university-specific entrance examinations. Candidates should check the eligibility criteria and
Admissions for the BPT (Bachelor of Physiotherapy) course at Sree Anjaneya College of Paramedical Sciences usually begin around the same time as the Kerala paramedical admissions process. If you've completed Class 12 with Physics, Chemistry, and Biology and meet the minimum marks requirement, you're generally eligible to apply.
The annual
Hello Dear Student,
You can check, find and access more information here:
https://medicine.careers360.com/articles/veterinary-courses-after-12th-without-neet
Hope it helps!
Hi,
If you are preparing for re-NEET and want backup options in the life sciences field, you can consider:
B.Sc Biotechnology
B.Sc Life Sciences
B.Sc Microbiology
B.Sc Biochemistry
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Some good universities include DU, BHU, Jamia Hamdard, Christ University, VIT, SRM, and LPU. These courses
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